30 करोड़ की लागत से तैयार हर्रावाला रेलवे स्टेशन का पीएम मोदी ने किया उद्घाटन..
उत्तराखंड: उत्तराखंड के रेलवे बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत पुनर्विकसित हर्रावाला रेलवे स्टेशन का वर्चुअल माध्यम से लोकार्पण किया। इस अवसर पर हर्रावाला रेलवे स्टेशन परिसर में आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल, सीएम पुष्कर सिंह धामी, केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा सहित जनप्रतिनिधि, रेलवे अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत हर्रावाला रेलवे स्टेशन को आधुनिक स्वरूप प्रदान किया गया है। स्टेशन पर यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए कई नई व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं, जिससे यात्रा पहले की तुलना में अधिक सुगम, सुरक्षित और सुविधाजनक होगी।
करीब 30 करोड़ रुपये की लागत से हुआ पुनर्विकास
रेल मंत्रालय की महत्वाकांक्षी अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत हर्रावाला रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास लगभग 30 करोड़ रुपये की लागत से किया गया है। स्टेशन के भवन को आधुनिक डिजाइन के अनुरूप विकसित किया गया है, वहीं यात्रियों के लिए बेहतर प्रतीक्षालय, साफ-सुथरे प्लेटफॉर्म, आधुनिक प्रकाश व्यवस्था, सुगम प्रवेश-निकास, डिजिटल सूचना प्रणाली, पेयजल, स्वच्छ शौचालय और अन्य आवश्यक सुविधाओं का भी विस्तार किया गया है।
उत्तराखंड के 11 रेलवे स्टेशन हो रहे आधुनिक
उत्तराखंड में रेलवे नेटवर्क को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत राज्य के 11 रेलवे स्टेशनों का चरणबद्ध तरीके से आधुनिकीकरण किया जा रहा है। इस योजना का उद्देश्य केवल स्टेशन भवनों का सौंदर्यीकरण करना नहीं, बल्कि यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराना और स्थानीय संस्कृति व विरासत को स्टेशन के डिजाइन में शामिल करना भी है। हर्रावाला स्टेशन का पुनर्विकास इसी व्यापक योजना का हिस्सा है, जिसे भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार किया गया है।
हर्रावाला रेलवे स्टेशन देहरादून शहर से लगभग 10 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यह स्टेशन स्थानीय यात्रियों के साथ-साथ आसपास के क्षेत्रों के लोगों के लिए भी महत्वपूर्ण है। वर्तमान में देहरादून रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन लगभग 16 ट्रेनों का संचालन होता है, जबकि हर्रावाला स्टेशन पर फिलहाल केवल तीन ट्रेनों का ठहराव है और उनका स्टॉपेज भी करीब दो मिनट का है। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि स्टेशन के आधुनिकीकरण के बाद भविष्य में यहां अधिक ट्रेनों का ठहराव मिलेगा, जिससे क्षेत्र के यात्रियों को बेहतर रेल संपर्क का लाभ मिलेगा। रेलवे अधिकारियों का मानना है कि स्टेशन के आधुनिक स्वरूप से न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को भी गति मिलेगी।
बेहतर रेल अवसंरचना से स्थानीय व्यापार, पर्यटन और रोजगार के अवसरों में वृद्धि होने की संभावना है। हर्रावाला रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास उत्तराखंड में रेलवे सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। इससे यात्रियों को आधुनिक, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा अनुभव मिलने के साथ-साथ राज्य के रेलवे नेटवर्क को भी नई मजबूती मिलेगी।

